खिसियानी बिल्ली खंभा नोचे: भ्रष्ट बिजली विभाग की झूठी तहरीर पर भड़का ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन दी बड़े आंदोलन की चेतावनी
- सच उजागर करने पर पत्रकार दीन रज़ा पर लगाया गया रंगदारी का मनगढ़ंत आरोप मंडल अध्यक्ष ओमवीर सिंह के नेतृत्व में हुई आपातकालीन बैठक, कहा किसी भी बेगुनाह का उत्पीड़न हुआ तो जिले भर में होगा आंदोलन
देवबंद जनपद सहारनपुर :- देवबंद विद्युत विभाग में पनप रहे भ्रष्टाचार, 40 करोड़ के महाघोटाले और मलीन बस्तियों में अलसुबह होने वाली ‘गुंडागर्दी’ की पोल खुलने से विभाग इस कदर बौखला गया है कि अब वह पत्रकारों की आवाज दबाने पर उतारू हो गया है। अपनी नाकामी और काले कारनामों को छिपाने के लिए विभाग ने एक ईमानदार पत्रकार के खिलाफ थाने में रंगदारी मांगने की झूठी तहरीर दी है। विभाग की इस कायराना हरकत पर ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन ने सख्त रुख अख्तियार करते हुए स्पष्ट कर दिया है कि किसी भी पत्रकार का उत्पीड़न कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मंडल अध्यक्ष के नेतृत्व में आपातकालीन बैठक की जिसमे मंडल सचिव राजकुमार जाटव, जिला सचिव गुरजोत सिंह सेठी, मंडल सदस्य खिलेंद्र गांधी, जिला कार्यकारिणी सदस्य महताब आजाद, इमरान शेख असद सिद्दीकी, संजय भारद्वाज, अरुण जैन, अफजल सिद्दीकी, अंकित जैन, साजिद खान आदि ने भाग लिया और ऐलान किया कि मंडल स्तर आंदोलन का किया जायेगा |
इस साजिश और झूठी तहरीर के विरोध में ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के सहारनपुर मंडल अध्यक्ष ओमवीर सिंह के नेतृत्व में एक आपातकालीन बैठक बुलाई गई। बैठक में विभाग की इस ओछी हरकत को ‘खिसियानी बिल्ली खंभा नोचे’ की तर्ज पर बताते हुए कड़ा रोष व्यक्त किया गया।
बैठक में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि विभाग द्वारा दी गई तहरीर पूरी तरह से झूठी और सच को दबाने की साजिश है। मंडल अध्यक्ष ओमवीर सिंह ने कड़ी चेतावनी देते हुए कहा, “यदि किसी भी दबाव में आकर इस झूठी शिकायत पर हमारे बेगुनाह पत्रकार के खिलाफ कोई भी कार्रवाई की जाती है या उनका उत्पीड़न होता है, तो ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन चुप नहीं बैठेगा। इसके विरोध में पूरे जिले भर में विशाल धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।
उन्होंने संगठन की बेदाग छवि को स्पष्ट करते हुए कहा मैं इस बात की पूरी गारंटी देता हूँ कि ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन में एक भी पत्रकार दागदार नहीं है। हमारा संगठन ऐसे किसी भी व्यक्ति को सदस्यता ही नहीं देता जिसकी छवि धूमिल हो। साथ ही उन्होंने सभी के समक्ष पत्रकार का बीते कई सालों से लगातार ईमानदारी और निष्पक्षता से पत्रकारिता करने जनहित के मुद्दों को प्रमुखता से उठाने की सराहना की।
पत्रकार दीन रज़ा ने खुला चैलेंज किया कि प्रमाण लाओ या माफी मांगे विद्युत विभाग, विद्युत विभाग के TG-2 मोहम्मद जीशान, जेई विजय कुमार शर्मा और जेई विष्णु कोठारी द्वारा रची गई इस साजिश पर पत्रकार दीन रज़ा ने अपना बेबाक स्पष्टीकरण देते हुए भ्रष्ट अधिकारियों को खुला चैलेंज दिया है।
उन्होंने कहा, “जब संपर्क ही नहीं, तो रंगदारी कैसी? बीते एक महीने तो दूर, पिछले एक साल से अधिक समय से मेरा विभाग के किसी भी अधिकारी से कोई संपर्क नहीं हुआ है। ना फोन पर, ना WhatsApp पर, और ना ही आमने-सामने। जब कोई संवाद ही नहीं हुआ, तो ₹10,000 की रंगदारी मांगने का यह हास्यास्पद आरोप कहां से पैदा हो गया?”
दरअसल, यह पूरा षड्यंत्र तब रचा गया जब पत्रकार दीन रज़ा ने टाउन फीडरों की लूट, 11KV की मौत बांटती बिना गार्डिंग वाली लाइनों की घोर लापरवाही और तड़के 5 बजे गरीबों के घरों पर हो रही छापेमारी का सच जनता के सामने रखा।
आम जनता पर झूठे मुकदमों का खौफ दिखाकर उन्हें लूटने वाला यह भ्रष्ट तंत्र अब अपनी जान बचाने के लिए पत्रकारों को मुकदमों से डराने की कोशिश कर रहा है। लेकिन जनता इस सच्चाई को भली-भांति समझ चुकी है। विभाग की इन गीदड़ भभकियों और झूठी FIR से सच की यह आवाज अब किसी कीमत पर दबने वाली नहीं है।




