मा. मुख्यमंत्री योगी जी ने की माँ शाकम्भरी देवी सिद्धपीठ खोल में अचानक जलप्रवाह के कारण हुई दुर्घटना की समीक्षा

- बाबा भूरा देव मंदिर एवं माँ शाकम्भरी देवी मंदिर में मंत्रोच्चार के साथ की पूजा अर्चना
- भूरा देव से माँ शाकम्भरी देवी मंदिर तक एलिवेटेड ब्रिज एवं रोड़ का निर्माण कार्य यथासंभव शारदीय नवरात्रि तक करने का करें प्रयास
- समयबद्धता एवं गुणवत्ता की जाए सुनिश्चित
- पार्किंग व्यवस्था को बाबा भूरा देव मंदिर के समीप उचित स्थान पर बनाया जाए
- पुल के निर्माण होने तक खोल में आवागमन हेतु किए जाएं वैकल्पिक उपाय
- आपदा की स्थिति में समय से हो अलर्ट
- आपदा मनुष्य के नियंत्रण में नहीं, लेकिन तकनीक का प्रयोग कर हानि को किया जा सकता है कम
- आर्थिक नुकसान का परीक्षण कराकर संबधित को नियमानुसार दिया जाए मुआवजा
- माँ शाकुम्भरी देवी खोल को किया जाए चैनलाईज
सहारनपुर, दिनांक 01 जून, 2026 (सू0वि0)।
मा. मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी ने जनपद भ्रमण के दौरान बाबा भूरा देव मंदिर एवं माँ शाकुम्भरी देवी मंदिर में मंत्रोच्चार के साथ पूजा अर्चना कर स्थलीय निरीक्षण किया। इसके पश्चात उन्होने माँ शाकुम्भरी देवी खोल में अचानक जलप्रवाह के कारण हुई दुर्घटना के संबंध में बैठक की।

मण्डलायुक्त डॉ. रूपेश कुमार एवं जिलाधिकारी श्री अरविंद कुमार चौहान ने पीपीटी के माध्यम से प्रस्तुतिकरण किया। पुलिस व्यवस्थाओं के दृष्टिगत पुलिस उप महानिरीक्षक श्री अभिषेक सिंह एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री अभिनंदन द्वारा जानकारी दी गई।
मा. मुख्यमंत्री जी ने एलिवेटेड रोड के निर्माण की प्रगति को जाना। उन्होंने निर्देश दिए कि अतिरिक्त श्रमिक लगाकर शारदीय नवरात्रि तक इसको पूर्ण करने का प्रयास किया जाए नहीं तो दिसंबर माह तक प्रत्येक दिशा में इसको अवश्य पूरा कर लिया जाए। इसके निर्माण में समयबद्धता एवं गुणवत्ता सुनिश्चित की जाए। जब तक पुल निर्माणाधीन है तक आम जनों के सुविधा के दृष्टिगत खोल के अंदर से आवागमन के लिए एक वैकल्पिक योजना बनाई जाए तथा चैनलाईज किया जाए।
श्री योगी आदित्यनाथ जी ने निर्देश दिए कि पार्किंग व्यवस्था को भूरा देव मंदिर के समीप उचित स्थान पर बनाया जाए। खोल में जल भराव होने की अवस्था में आम जनों को सुरक्षित रखने के दृष्टिगत खोल के दोनों तरफ बोल्डर का प्रयोग किया जाए। आपदा की स्थिति में समय से अलर्ट हो तथा आपदा में हानि होने की स्थिति में इसकी सूचना शासन को यथाशीघ्र दी जाए जिससे कि समय रहते उच्च स्तर पर राहत कार्य किए जा सके। उन्होंने कहा कि आपदा मनुष्य के नियंत्रण में नहीं होती लेकिन तकनीक का प्रयोग कर जन हानि तथा धन हानि को कम किया जा सकता है।

माननीय मुख्यमंत्री जी ने अचानक बाढ़आने से हुई जनहानि एवं धनहानि की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने दुकानदारों के हुए आर्थिक नुकसान का परीक्षण कराकर नियमानुसार मुआवजा देने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री जी ने आने वाले श्रद्धालुओं के दर्शन हेतु यथासंभव व्यवस्थाएं की जाए जिससे कोई भी श्रद्धालु बिना दर्शन किए न रहे। इस सम्बन्ध में जिलाधिकारी श्री अरविंद कुमार चौहान ने बताया कि जनहानि होने पर संबंधित के परिजनों को आर्थिक सहायता दी जा चुकी है।

बैठक में राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता विभाग श्री कपिल देव अग्रवाल, राज्यमंत्री संसदीय कार्य एंव औद्योगिक विकास श्री जसवंत सैनी, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री मांगेराम चौधरी, महापौर डॉ. अजय सिंह, विधायक रामपुर मनिहारान श्री देवेन्द्र निम, विधायक गंगोह श्री किरत सिंह, विधायक नगर श्री राजीव गुम्बर, एमएलसी श्रीचन्द शर्मा, जिलाध्यक्ष श्री अजीत राणा, महानगर अध्यक्ष श्री शीतल विश्नोई, पूर्व सांसद श्री राघव लखनपाल शर्मा, पूर्व सांसद श्री प्रदीप चौधरी, पूर्व विधायक श्री नरेश सैनी, एडीजी श्री भानू भास्कर, मण्डलायुक्त डॉ. रूपेश कुमार, पुलिस उप महानिरीक्षक श्री अभिषेक सिंह, जिलाधिकारी श्री अरविंद कुमार चौहान, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री अभिनंदन, मुख्य विकास अधिकारी श्री सुमित राजेश महाजन, एसपी देहात श्री मयंक पाठक एवं संबंधित अधिकारीगण उपस्थित रहे।




